भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद
केन्द्रीय समुद्री मात्स्यिकी अनुसंधान संस्थान
  • Dr. A. Gopalakrishnan, Director

Home निदेशक का संदेश

सभी को हार्दिक अभिवादन

समुद्री पिंजरा मछली पालन प्रौद्योगिकी प्रचलित करने में संस्‍थान के निरंतर एवं अग्रणी प्रयास अब सफल हो रहे हैं और कई मछुआरे हमारी तकनीकी सहायता से इस प्रौद्योगिकी को अपनाने के लिए आगे आए हैं. इन प्रयासों की मान्‍यता के रूप में गुजरात के एक आदिवासी मछुआरे को समुद्री पिंजरों में मछली पालन सफल रूप से करने के लिए भा कृ अनु प द्वारा प्रदत्‍त पंडिट दीन दयाल उपाध्‍याय अंत्‍योदय कृषि पुरस्‍कार प्राप्‍त हुआ. इससे संस्‍थान द्वारा विकसित अनुसंधान एवं प्रौद्योगिकियों के लाभों को मछुआरों का आजीविका स्‍तर बढ़ाने और स्‍थायी तौर पर मछली उत्‍पादन में वृद्धि लाने के लिए हमें प्रेरणा मिलेगी. संस्‍थान ने हितधारकों की आवश्‍यकताओं को पहचाना है और प्रकाश से मछली पकड़ने और अंतर्राष्‍ट्रीय विपणन के लिए   सी आइ टी ई एस के अधीन की आवश्‍यकताओं का पालन करने हेतु सुरा (शार्क) तथा रे मछलियों के लिए गैर हानिकारक उपाय अपनाने के लिए नीति निर्देशों का कार्यान्‍वयन किया है. हमारे संस्‍थान को राजभाषा कार्यान्‍वयन कार्यक्रमों के उत्‍कृष्‍ट निष्‍पादन के लिए लगातार सातवें वर्ष राजर्षि टंडन पुरस्‍कार प्राप्‍त हुआ, जो सराहनीय उपलब्धि है. अब हम वर्ष 2016 की अंतिम तिमाही तक पहॅुंच गए हैं और अगले वर्ष की तैयारी कर रहे हैं, इस अवसर पर गत अनुभवों के मार्गदर्शन से उपलब्धियों की बेहतर ऊॅंचाइयॉं हासिल की जा सके.

 

ए. गोपालकृष्‍णन

निदेशक

 

ई मेलः director@cmfri.org.in

EVENT CALENDAR

November 2017
30
31
1
2
3
4
5
6
7
8
9
10
11
12
13
14
15
16
17
18
19
20
21
22
23
24
25
26
27
28
29
30
3
Back to Top